Digital Health ID Card: कैसे बनाएं हेल्थ आईड़ी कार्ड, जानें क्या है इसके फाएदे

कोरोना महामारी के बाद हाल ही में केंद्र सरकार ने आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन की शुरुआत की हैं इसके अंतर्गत सभी भारतीय नागरिकों का एक Unique Health ID Card बनाया जाएगा। इसके माध्यम से मरीज अपना हेल्थ रिकॉर्ड मेंटेंन कर पाएंगे। सरकार का कहना हैं इससे पूरे देश के किसी भी हॉस्पिटल में इलाज करवाना आसान हो जाएगा। तो आज के इस आर्टिकल में हम आपको यूनिक हेल्थ आईडी कार्ड के बारें में बताएंगे। बताएंगे कि Digital Health ID Card क्या है, यह कैसे काम करता हैं। आप इसको कैसे बना सकते हैं, इसके क्या-क्या फाएदे होंगे, कौनसी जानकारी इसमें स्टोर की जा सकेगी। तो चलिए जानते हैं सभी सवालों के जवाब।

How to create Health ID Card

Uniqut Health Id क्या हैं?

Digital Uniqut Health Id आधार कार्ड के जैसा ही एक कार्ड हैं जिसमें आपके स्वास्थय के बार में सारी जानकारी सेव की जाती है। जिस तरह आधार कार्ड में इसकी पहचान के लिए आठ नंबर का यूनिक नंबर होता है उसी तरह यूनिक हेल्थ कार्ड में भी 14 डिजिट का एक यूनिक नंबर होगा और ये नंबर ही आपके कार्ड और आपकी पहचान होगी। इसके माध्यम से ही डॉक्टर आपकी डिटेल्स देख पाएगा।  इस कार्ड के बन जाने के बाद आपको किसी भी हॉस्पिटल में आपकी पूरानी फाइल लेकर नही जाना पड़ेगा। इस कार्ड के माध्यम से डॉक्टर आपका सारा डेटा चैक कर सकता है। और उसके अनुसार आपका इलाज भी करेगा।

क्या काम आएगा Digital Health ID Card?

 Uniqut Health Id बनने के बाद आपको अपनी कोई भी पुरानी मेडिकल फाइल संभाल कर नही ऱखनी पड़ेगी। अपका सारा का सारा हेल्थ रिकॉर्ड इस एक कार्ड में सुरक्षित हो जाएगा। जब भी आपको कई भी किसी प्रकार का इलाज करवाना हो, भर्ती होना, डिस्चार्ज होना हो तब आप अपना पुराना हेल्थ रिकॉर्ड डॉक्टर को दिखा सकते है। इसमें आप पहले कब-कब बिमार हुआ और क्या-क्या बिमारी हुई, उसके लिए कौनसी मेडिसीन का उपयोग किया, ये सब जानकारी हेल्थ कार्ड में सुरक्षित हो जाएगी। आपको सिर्फ एक ही कार्ड संभालना पड़ेगा और स्वास्थय से संबंधित सारा काम आसान हो जाएगा। 

Digital Health ID Card कैसे बनाए?

Uniqut Health Id Card के आप सरकार की वेबसाइड Abdm.gov.in पर जाकर बना सकते है। इसके अलावा आप Abdm का एप इंस्टॉल करके भी बना सकते है। इसके अलावा कई स्वास्थय केंद्र, सरकारी और प्राइवेट हॉस्पिटल में भी ये कार्ड बनाया जा सकता है। लेकिन सबसे आसान तरीका यही है कि आप वेबसाइट या एप की सहायता से बना सकते है। चलिए आपको स्टेप बाय स्टेप बताते है कि वेबसाइट से हेल्थ आईडी कैसे बनाए।

1. सबसे पहले आपको Ayushman Bharat Digital Mission ऑफिसीयल वेबसाइट https://abdm.gov.in/ पर जाना हैं।

2. Right साइड सर्च के उपर दो ऑप्शन दिखाई देंगे, जिसमें पहला Creat your Health ID और दूसरा Download Health Records App होगा। तो आप चाहे तो एप भी डाउनलोड कर सकते है। यहां हम साइट से आईडी बनाना बताएंगे। आपको Creat your Health ID पर क्लिक करना है।

3. इसके बाद आपको आधार कार्ड और ड्राइविंग लाइसेंस किसी भी एक का उपयोग कर सकते है। आपके पास ड्राइविंग लाइसेंस नही हैं तो आधार कार्ड वाले ऑप्शन पर क्लिक करे। इसके अलावा आपको एक और ऑप्शन मिलेगा। अगर आप आधार कार्ड या ड्राइविंग लाइसेंस कुछ भी नही लगाना चाहते तो सिर्फ माबाइल नंबर से भी कार्ड बना सकते है।

4. जब आप अपना मोबाइल नंबर डालेंगे, इसके बाद वैरिफिकेशन के लिए OTP आएगा उसे दर्ज करना होगा।

5. इसके बाद आपको अपनी प्रोफाइल बनाने के लिए फोटो, जन्म दिनांक, एड्रेस आदि जानकारी फोर्म में भरनी होगी। 

सारी जानकारी भरने के बाद  आपका हेल्थ आइडी कार्ड बन जाएगा, जो आपकी स्क्रीन पर पर नजर आएगा जिसमें आपकी फोटो, क्यू आर कोड और पूरी जानकारी होगी। इस तरह आपकी Uniqut Health Id बन जाएगी।

अगर आप इस कार्ड को सेव करना चाहते है या इसकी प्रिंट लेना चाहते है, तो इसके नीचे ही आपको डाउनलोड का बटन दिख जाएगा, उस पर क्लिक करने डाउनलोड कर सकते है।

अपडेट कैसे करे?

अगर आपकी प्रोफाइल में कछ गलती हो जाती है या फोटो नही आती है तो Edit Profile पर जाकर एडिट कर सकते है और इसके बाद अपडेट कर दे। इस तरह आप प्रोफाइल को एडिट कर सकते है। और फिर डाउलोड कर सकते है।

कैसे अपडेट होगा डेटा?

आप अपनी हेल्थ आईडी बना लेगे, उस समय उसमे आपका कोई भी मेडिकल डेटा नही होगा। आपको इसमें अपनी पुरानी मेडिकल फाइलो को खुद ही अपलोड करना होगा। अगर चाहे तो अपलोड कर सकते है नही तो खाली छोड़ सकते है। इसके बाद सभी डिटेल्स अपने आप अपलोड होती रहेगी। जब भी आप अस्पताल या डिस्पेंसरी में इलाज के लिए जाएंगे तो 14 डीजिट के युनिक नंबर सारी डिटेल लिंक हो जाएगी।

क्या आपका निजी डेटा चोरी हो सकता है?

जिस तरह से कई सोशल मीडिया प्लेटफोर्म और कई वेबसाइट्स से लोगो के डेटा चोरी होने की घटनाएं हो रही हैं इसके बाद किसी के भी मन में ये सवाल उठना जायज है कि उसकी निजी जानकारी चोरी हो सकती है। इस हेल्थ कार्ड को लेकर भी लोगों के मन में यही चिंता हैं। तो बता दे कि नेशनल हेल्थ अथॉरिटी का यूजर का डेटा Ayushman Bharat Digital Mission (ABDM) में सेव नही किया जाता बल्कि केवल आगे शेयर किया जाता है जो  Encryption प्रणाली के साथ सुरक्षित रहता है। Encryption एक प्रक्रिया है जिसमें Algorithm का उपयोग करके किसी भी सूचना या डेटा को ऐसी फॉर्म में ट्रांसफर किया जाता हैं जिसे कोई हैकर पढ़ नही सकता है।

बता दे कि आपकी परमिशन के बिना आपका डेटा कोई भी नही देख सकता। आपका डेटा ऐक्सस करने के लिए के लिए OTP की जरुरत होती है, जब आप OTP तभी डॉक्टर आपका डेटा देख पाएगा। 

दोस्तो, आशा करता हूं ये जानकारी आपके लिए फायदेमंद होगी। आपको और भी किसी प्रकार की जानकारी जाहिए तो कमेंट बॉक्स में जाकर कमेंट करे हम आपको लिए इस टॉपिक कर पूरी जानकारी लेकर आएंगे। 

Time Table 2022Admit Card 2022Results 2022

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